कांग्रेस पार्षदों ने की विशेष सत्र बुलाने की मांग

SMART_CITY_BITE_SHAILENDRA 005बिलासपुर—पूर्णशराब बंदी के समर्थन में निगम नेता प्रतिपक्ष शेख नजीरूद्दीन और कांग्रेस पार्षदों ने सभापति अशोक विधानी से विशेष सत्र बुलाने को कहा है। सभापति अशोक विधानी ने मामले में चर्चा के बाद निर्णय लिए जाने का आश्वासन दिया है।
                           शराबबंदी के समर्थन में निगम नेता प्रतिपक्ष शेख नजीरूद्दीन कांग्रेस पार्षदों के साथ अशोक विधानी से मुलाकात की। इस दौरान पार्षद अखिलेश चंद्रप्रदीप बाजपेयी, कांग्रेस पार्षद दल प्रवक्ता शैलेन्द्र जायसवाल, रामा शंकर बघेल , पंचराम सूर्यवंशी, राजेश शुक्ला, पूर्व पार्षद रामशरण यादव,  शिवा मिश्रा और जिला कांग्रेस कमेटी शहर अध्यक्ष नरेन्द्र बोलर भी उपस्थित थे। मुलाकात के दौरान कांग्रेसियों ने सभापति से शराबबंदी के समर्थन में विशेष सत्र बुलाने को कहा।
                    नेता प्रतिपक्ष नजरूद्दीन ने बताया कि शराब ने समाज के ताने बाने को विकृत किया है। सबसे ज्यादा परेशान महिलाएं हो रही हैं। मजदूरी करने वाले लोग कमाई का अधिकांश हिस्सा शराब में उड़ा देते है। सोचकर सिर झुक जाता है कि एक छोटा सा राज्य देश में सबसे ज्यादा शराब पीता है। इतना ही नहीं बिलासपुर में अन्य जिलों के मुकाबले ज्यादा शराब की खपत होती है। नजरूद्दीन ने बताया कि कांग्रेस पार्षदों की मंशा है कि बिलासपुर नगर निगम विशेष सत्र बुलाए। शराबबंदी के समर्थन में संकल्प पत्र पारित कर राज्य सरकार को भेजे।
                      शैलेन्द्र जायसवाल ने बताया कि शराब दुकान निर्माण में नियमों की अनदेखी की जा रही है।  हेमूनगर में व्यायाम शाला के पास शराब दुकान बनाया जा रहा है। पुराना बस स्टैण्ड के पास जिस स्थान पर शराब दुकान का निर्माण किया जा रहा है चंद कदम दूर जिला अस्पताल है। पुराना बस स्टैण्ड शहर का प्रमुख व्यावसायिक केन्द्र है । पास में ही बच्चों का स्कूल और प्रदेश का सबसे बड़ा महाविद्यालय भी है। कोर्ट के अनुसार मंदिर, मस्जिद , धार्मिक और स्वास्थ्य केन्द्र से शराब दुकान कम से कम पांच सौ मीटर दूर होना चाहिए। लेकिन पुराने बस स्टैण्ड में निर्माणाधीन शराब दुकान में कोर्ट के निर्देशों को नजरअंदाज किया जा रहा है।
              नजरूद्दीन और शैलेन्द्र ने बताया कि पूर्ण शराबबंदी के समर्थन में विशेष सत्र बुलाया जाना चाहिए। सभापति अशोक विधानी ने कहा कि विशेष सत्र बुलाने से पहल  विचार विमर्श करना जरूरी है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *