मेरा बिलासपुर

कैबिनेट मंत्री के बयान से आदिवासी समाज नाराज..कहा..डहरिया को वापस लेना होगा बयान..मोहरा बताए जाने से समाज को लगा धक्का

बिलासपुर—-अखिल भारतीय आदिवासी विकास परिषद ने कांग्रेस नेता और प्रदेश आदिवासी विकास परिषद के अध्यक्ष संतकुमार नेताम को मोहरा कहे जाने पर एतराज जाहिर किया है। आदिवासी नेताओं ने प्रदेश के कैबनेट मंत्री डॉ.शिव कुमार डहरिया के बयान की निंदा की है। साथ डहरिया को अपने शब्द को वापस लिये जाने की बात कही है। 

                जानकारी हो कि दो दिन पहले मरवाही दौरा के दौरान नगरीय निकाय मंत्री डॉ.शिवकुमार डहरिया बिलासपुर प्रवास पहुंचे। यहां पत्रकारों से बातचीत के दौरान डहरिया ने संतकुमार नेताम को भाजपा का मोहरा बताया। बयान सामने आने के बाद आदिवासी समाज ने डहरिया की निंदा की है।

               आदिवासी विकास परिषद के कार्यकारी सदस्य चक्रधर प्रताप साय ने संत कुमार नेताम को मोहरा बताए जाने पर डॉ. शिवडहरिया पर नाराजगी जाहिर की है। साय ने बताया कि संत कुमार नेताम समाज के पढ़े लिखे स्वच्छ छवि के नेता है। उन्हें समाज के साथ अपना अच्छे – बुरे की अच्छी समझ है। संत कुमार नेताम उच्च शिक्षित इंजीनियरिंग डिग्रीधारी है। पिछले 30 साल से आदिवासी विकास परिषद से जुड़कर समाज और राष्ट्र उत्थान के लिए तन मन से काम कर रहे हैं।

           उन्होने बताया कि स्वर्गीय अजीत जोगी आदिवासी नहीं है। झूठा प्रमाण पत्र हासिल कर राजनीति में सक्रिय थे। उनके खिलाफ पूरे हौसले के साथ संतकुमार नेताम लड़ाई लड़ी है। उन्हें मोहरा बनाया जाता आदिवासी समाज का अपमान है। इस प्रकार की बातें समाज को स्वीकार्य भी नहीं है। 

                     आदिवासी समाज की डॉ.शिव कुमार डहरिया से मांग है कि अपना बयान वापस लें। साथ ही भविष्य में इस प्रकार शब्दों का प्रयोग करने से बचें। शिव कुमार के बयान से समाज की भावना आहत हुई है। डहरिया खुद अनुसूचित वर्ग और पढ़े लिखें हैे। उन्हें कम से कम ऐसे मामलों में समझ होनी चाहिए। 

सार्वजनिक स्थान पर शराब पीना पड़ा भारी..निर्देश के बाद भी बाज नहीं आए हुड़दंगी...67 के खिलाफ हुई कार्रवाई

Back to top button
CLOSE ADS
CLOSE ADS