शिक्षाकर्मियों के पुनरीक्षित वेतनमान और पदोन्नति का राजपत्र में उल्लेख नहीं, संघ ने की आपत्ति – हमारा विजन संपूर्ण संविलियन

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छत्तीसगढ़ पंचायत ननि शिक्षक संघ के प्रदेश अध्यक्ष संजय शर्मा ने बताया कि 29 मार्च 2019 को प्रकाशित राजपत्र को संचालक पंचायत ने जिला/ जनपद सीईओ को भेजा है, जिसमे जो प्रावधान तय किया गया है उसके आधार पर जुलाई/ जनवरी मे ही संविलियन के लागू प्रावधान के कारण कुछ माह का वेतन शिक्षा कर्मियों को समयमान के आधार पर ही मिलेगा।

जैसे कि जुलाई में नियुक्त शिक्षा कर्मी का 6 माह बाद जनवरी में संविलियन होगा मतलब इसे इस 6 माह तक समयमान वेतनमान पर ही काम करना पड़ेगा, उसी तरह जनवरी में जिसकी नियुक्ति है उसे भी इसी तरह नुकसान होगा।

प्रकाशित भर्ती एवं सेवा नियम 7 साल में होने वाले शिक्षक पंचायत संवर्ग की पदोन्नति के संबंध में भी कोई उल्लेख नहीं किया गया है, जिससे शिक्षक पं संवर्ग में खासी नाराजगी दिखाई देने लगी है। प्रदेश अध्यक्ष संजय शर्मा ने कहा है, पंचायत संचालक को उपरोक्त विसंगति से अवगत कराया जाएगा।

प्रदेश अध्यक्ष ने कहा है कि सभी विसंगति का एक ही सर्वमान्य हल सबका संविलियन ही है।

छत्तीसगढ़ पंचायत ननि शिक्षक संघ के प्रदेशाध्यक्ष संजय शर्मा एवं प्रदेश उपाध्यक्ष हरेंद्र सिंह, देवनाथ साहू, बसंत चतुर्वेदी, प्रवीण श्रीवास्तव, विनोद गुप्ता, प्रांतीय सचिव मनोज सनाढ्य, प्रांतीय कोषाध्यक्ष शैलेन्द्र पारीक, प्रांतीय संयोजक सुधीर प्रधान, प्रदेश मीडिया प्रभारी विवेक दुबे ने ने कहा है कि हमारे संघ छत्तीसगढ़ पंचायत नगरीय निकाय शिक्षक संघ का संकल्प रहा है कि “हमारा विजन सबका संविलियन” अब चूंकि राज्य शासन के द्वारा नियमित शिक्षकों की भर्ती शिक्षा विभाग के माध्यम से किया जा रहा है, इसलिए अब पंचायत विभाग के द्वारा भर्ती एवं सेवा नियम जारी करने की प्रासंगिकता नहीं रह गई है, अब संविलियन से वंचित समस्त शिक्षा कर्मियों को शिक्षा विभाग में संविलियन करते हुए क्रमोन्नति एवं पदोन्नति का लाभ प्रदान किया जाए।

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