जब अति पिछड़ी जनजातियो को शिक्षक भर्ती मे विशेष छूट…तो शिक्षाकर्मियो को अनुकंपा नियुक्ति मे राहत क्यो नहीं..?

क्रमोन्नति/समयमान वेतनमान, प्रमुख सचिव गौरव द्विवेदी,छग सहायक शिक्षक फेडरेशन,बिलासपुर(शिव सारथी)।कल के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के केबिनेट बैठक में राज्य के अनेक अति पिछड़ी जनजाति जिसमें मुख्यरूप से बिरहोर,बैगा,पहाड़ी कोरवा,कमार, अबुझमाड़िया,पंडो,और भुजिया है जिन्हें केबिनेट बैठक में प्रस्ताव के माध्यम से शिक्षक भर्ती में विशेष छूट देते हुए सेवा में आने के बाद डीएड बीएड एवम टेट परीक्षा पास करने की सहूलियत दिया गया है ताकि वे समाज के मुख्यधारा से जुड़ सके इस पर शासन का ध्यान दिलाते हुए शिक्षक नेता शिव सारथी ने मुख्यमंत्री भूपेश बघेल जी से मांग किया है कि इसी भाँति पँचायत विभाग में सेवा के दौरान दिवंगत हुए हमारे शिक्षक साथियो के आश्रितों को भी अनुकम्पा नियुक्ति में विशेष छूट प्रदान करते हुए शिक्षा विभाग में अनुकम्पा नियुक्ति दिया जाना चाहिए।सीजीवालडॉटकॉम के व्हाट्सएप ग्रुप से जुड़ने के लिए यहाँ क्लिक करे

ताकि उनका भटकाव रुक सके तथा उनका परिवार जो आज अनुकम्पा के अभाव में दाने-दाने को मोहताज है और दर-दर की ठोकर खा रहे है वे भी अति पिछड़ी जनजाति की भांति समाज के मुख्यधारा में आकर अपने और अपने मासूम बच्चों का भरण पोषण कर सके।

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शिव सारथी ने कहा है कि राज्य में लगभग 35 सौ परिवार आज बड़ी आस भरी निगाह से प्रदेश के मुखिया की ओर देख रहा है कि जल्दी ही साहब की नजरें इनायत हो और उनकी काली रात और भुखमरी का अंत हो इसलिए विशेष माँग है कि मानवीय आधार पर ही सही अनुकम्पा पीड़ित परिवारों का शासन जल्द से जल्द सुध लेवे और उन्हें कैबिनेट में प्रस्ताव पास कर नियम में छूट देते हुए अनुकम्पा नियुक्ति प्रदान करे।

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