बिलासपुर– पत्रकारों को गणेश शंकर विद्यार्थी के लेखन को आत्मसात करने की जरूरत है। विद्यार्थी की सत्य परक लेखन शैली और समाजिक सदभावना की आज देश को बहुत ही जरूरत है। स्वतंत्रता आंदोलन के समय पत्रकार लेखनी के साथ विभिन्न धार्मिक समुदायों के बीच सामंजस्यता स्थापित करना जानते थे। आज की सबसे ज्यादा जरूरत महसूस