पहले दिन नहीं हुई बोहनी..11 केन्द्रों के सदस्य पूरे दिन करते रहे इंतजार..मस्तूरी SDM ने किया सेन्टर का दौरा

बिलासपुर(रियाज़ अशरफी)..प्रदेश समेत बिलासपुर जिले में पहले दिन पूजा  पाठ और विधि विधान से सरकार के निर्देशानुसार धान खरीदी की शुरूआत हुई। जगह जगह बनाए गए सेन्टर पहुंचकर अधिकारी और नेताओं ने धान खरीदी का श्रीगणेश किया। साथ ही सभी लोगों को राज्य  गठन के 23 वें स्थापना दिवस शुभकामनाएं भी दी।
 
                 एक नवम्बर से प्रदेश में धान खरीदी का शुभारम्भ विधि विधान से किया गया। मस्तूरी एसडीएम महेश शर्मा ने सीपत स्थित सहकारी समिति पहुंचकर राज्य मछुआ कल्याण बोर्ड उपाध्यक्ष राजेन्द्र धीवर के साथ पूजा पाठ किया। खरीदी कार्यक्रम में कृषि उपज मंडी जयरामनगर के सदस्य प्रमोद जायसवाल,जिला कांग्रेस सहकारिता विभाग विभाग अध्यक्ष दुबे सिंह कश्यप, वरिष्ठ कांग्रेस नेता मनोज खरे समेत जनप्रतिनिधी और अधिकारियों ने भी शिरकत किया। सभी ने मां अन्नपूर्णा देवी की अराधना कर धान खरीदी महाभियान का शुभारंभ किया।
 
                 एसडीएम महेश शर्मा ने सीपत के उन्नत कृषक जिला भाजपा सहकारिता प्रकोष्ठ सयोंजक तामेश्वर सिंह से 6 क्विंटल धान खरीदा। एसडीएम ने कृषक तामेश्वर का शाल श्रीफल से सम्मानित किया। एसडीएम ने कहा कि
राज्योत्सव के साथ ही खरीफ विपणन वर्ष 2022-23 के पंजीकृत किसानों से समर्थन मूल्य पर धान खरीदी की शुरू हो गयी है। इस साल किसानों से सामान्य धान 2040 रूपए प्रति क्विंटल और ग्रेड-ए धान 2060 रूपए प्रति क्विंटल की दर से खरीदा जाएगा।
 
                    किसानों को धान बेचने में किसी भी तरह की दिक्कत नहीं आएगी। सभी केन्द्रों में बेहतर प्रबंध किए गए है। किसानों की सुविधाओं का पूरा ध्यान रखा गया है। सभी केन्द्रों पर शासन प्रशासन की नजर हर पल रहेगी। वारदाना की पर्यााप्त व्यवस्था है। उन्होंने कहा कि उपार्जित धान की कस्टम मिलिंग के लिए मिलर्स का पंजीयन किया जा रहा है। अंतरजिला से अवैध धान की आवक रोकने और संवेदनशील उपार्जन केन्द्रों पर निगरानी के लिए नोडल अधिकारी तैनात किए गए हैं। सीमावर्ती सोसायटियों पर विशेष निगरानी रखी जा रही है।
 
                       छ.ग.मछुआ कल्याण बोर्ड उपाध्यक्ष राजेन्द्र धीवर ने कहा कि मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के नेतृत्व में राज्य सरकार की किसान हितैषी योजनाओं से प्रदेश में खेती-किसानी में नये उत्साह का संचार हुआ है। खेतों से दूर हो रहे किसान खेतों की ओर लौटे हैं। खेती का रकबा भी बढ़ा है। इस दौरान अतिरिक्त तहसीलदार सीपत पेखन टोंड्रे,समेत विभागीय अधिकारी उपस्थित रहे।
 
11 समितियों की बोहनी नहीं हुई…करते रहे इंतजार
 
        सीपत तहसील अंतर्गत सीपत, नरगोड़ा, कौव्वाताल,पोंड़ी देवरी,जांजी, कौड़िया, धनिया,खम्हरिया,कुकदा,सोंठी और निरतु मिलाकर कुल 12 धान खरीदी केंद्र केंद्र है। पहले दिन मात्र सीपत केंद्र में किसान तामेश्वर सिंह कौशिक से सिर्फ 6 क्विंटल धान खरीदी हुई। बाकी 11 समितियों  के सदस्य पूरे दिन बोहनी को तरसते रहे।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *