भाई ने भाई को उतारा मौत के घाट..पुलिस का खुलासा..भांजा के साथ मिलकर किया हत्या

बिलासपुर— सरकन्डा थाना क्षेत्र के आवासपारा बनर्जी प्लाट के पास झांडियों में मिली लाश की गुत्थी को पुलिस ने सुलझा लिया है। पुलिस ने खुलासा किया है कि मृतक के सगे भाई ने भांजा के साथ हत्या की है। पुलिस ने मामा और भांजा को गिरफ्तार कर लिया है।

                        पुलिस के अनुसार सुबह 6 बजे जानकारी मिली कि मोपका के पास आवासपारा में झांडियों के बीच एक लाश मिली है। मामले की जानकारी मिलते ही पुलिस टीम मौके पर पहुंच गयी। इसी के साथ आलाधिकारियों के निर्देश पर आरोपियों की पतासाजी भी शुरू हो गयी।

                   एडिश्नल एसपी उमेश कश्यप ने बताया कि शव परीक्षण के दौरान मृतक के जेब से मोबाइल मिली। जिसके माध्यम से परिजनों से बातचीत हुई। बातचीत के दौरान मृतक की पहचान पुष्पराज सिंह ऊर्फ अप्पू के रूप में की गयी। बातचीत करने वाले ने अपना नाम मृतक  भाई प्रफुल्ल ऊर्फ बब्बू सिंह बताया। शव परीक्षण के दौरान पुलिस को यह भी जानकारी मिली कि मृतक के सिर पर किसी ने हथियार से हमला किया है। गंभीर चोट पहुंचने से उसकी मौत हो गयी है।

                         एडिश्नल एसपी उमेश ने बताया कि पुष्पराज सिंह ऊर्फ अब्बू बीएसएऩएल टावर के पीछे राजकिशोर नगर में रहता है। मृतक के भाई की रिपोर्ट पर सरकन्डा थाना में अपराध कायम किया गया। पतासाजी के दौरान शराब दुकान से सीसीटीवी फुटेज चेक किया गया। फुटेज में पुष्पराज सिंह अपने भाई पुरूषोत्तम और भांजा अजय सिंह के साथ बाइक पर बैठकर जाते दिखाई दिया। 

              फुटेज के आधार पर मृतक के भांजा अजय को अटल आवास बहतराई से पकड़ा गया। पूछताछ के दौरान अजय ने पहले तो गुमराह किया। लेकिन कड़ाई से पेश आने पर टूट गया। उसने बताया कि मामा पुरूषोत्तम के साथ मिलकर पुष्पराज की हत्या की है।

                         पूछताछ के बाद मस्तूरी स्थित किरारी से मृतक के भाई पुरूषोत्तम को पकड़ा गया। अलग से पूछताछ के दौरान पुरूषोत्तम ने हत्या का जुर्म कबूल किया। आरोपी ने बताया कि घटना के दिन शराब के नशे में पुष्पराज गाली गलौच और मारपीट किया। परेशान होकर भांजा अजय सिंह के साथ मिलकर लकड़ी के बत्ता से सिर पर हमला कर दिया। हमले से पुष्पराज ने मौके पर ही दम तोड़ दिया। । 

                उमेश कश्यप ने बताया कि दोनों आरोपियों के निशानदेही पर लकड़ी का बत्ता जब्त किया गया। आरोपियों के खिलाफ आईपीसी की धारा 302, 201, 34 का अपराध दर्ज किया गया। आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायालय के हवाले किया गया।                    

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *