मेरा बिलासपुर

CG-शिक्षको के वेतन विसंगति,क्रमोन्नति,पदोन्नति के लिए चरणबद्ध मांग..

किरंदुल।छत्तीसगढ़ टीचर्स एसोसिएशन के जिला अध्यक्ष उदय प्रकाश शुक्ला,मनोहर सिंह साहू, अमित देवनाथ,अजय साहू,नारायण साहू ने कहा कि सभी विभागों में पदोन्नति जारी है।लेकिन शिक्षा विभाग में अभी तक एलबी संवर्ग के शिक्षकों का पदोन्नत नहीं किया गया है। सबसे ज्यादा प्रभावित सहायक शिक्षक संवर्ग है। जिन्हें न्यूनतम वेतन मिलता है।1998 से लगातार भर्ती किए गए हजारों शिक्षाकर्मियों को आज तक क्रमोन्नति और पदोन्नति नहीं मिली एक ही पद पर 10 साल की सेवा पूर्ण करने पर क्रमोन्नति का प्रावधान है।CGWALL NEWS के व्हाट्सएप ग्रुप से जुडने के लिए यहाँ क्लिक कीजिये

लेकिन नियम कायदे के चक्कर में विभाग ने शोषण किया है। प्रदेश में प्राथमिक शाला प्रधान पाठक के 22000 पद खाली है।सहायक शिक्षक एलबी संवर्ग ही वहां प्रभारी दायित्व निर्वहन कर रहे हैं। उन्हें ही पदोन्नति देकर विभाग की गुणात्मक व्यवस्था में सुधार किया जा सकता है। इससे शिक्षकों को वित्तीय लाभ के साथ सेवा संतुष्टि मिलेगी व्याख्याता और शिक्षक के वेतन अनुपात में ही शिक्षक और सहायक शिक्षक का वेतन भी निर्धारित करने की आवश्यकता है.जिससे सहायक शिक्षकों की वेतन विसंगति दूर होगी.

10 साल की सेवा में क्रमोन्नति और 5 साल की सेवा में पदोन्नति नियम है.लेकिन हजारों शिक्षक संवर्ग को 23 साल की शिक्षक की सेवा में भी क्रमोन्नति और पदोन्नति नहीं दी गई है.हमेशा दो विभाग के बीच हमारी सेवाओं को उलझाया जाता है.प्रदेश में शिक्षा विभाग प्रयोगशाला बन चुका है. रोज नई कार्ययोजना के कारण एक लक्ष्य की प्राप्ति नहीं होती है.नए कार्य को प्रचारित कर विभाग सुर्खियों में होता है.वास्तव में विभाग के शिक्षकों के सेवा शर्त और कल्याण पर कोई कार्य नहीं हो रहा.1998 से शिक्षक एलबी संवर्ग शालाओं में शिक्षण कार्य कर रहे हैं.कई शिक्षक बिना पेंशन जीपीएस, अवकाश नकदीकरण और क्रमोन्नति/पदोन्नति के रिटायर हो गए. लेकिन विभाग ने कभी इनकी सुध नहीं ली. लगातार मांग के बाद भी नियम का हवाला देकर सेवा के बाद रिटायर शिक्षक को अंधेरे गली में छोड़ दिया गया.

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