छग के सभी CMHO और DEO को जारी हुआ परिपत्र, स्कूलों में वैक्सीनेशन को लेकर है यह निर्देश

रायपुर। राज्य में 15 से 18 वर्ष तक के किशोरों को कोरोना वैक्सीन की पहली खुराक चालू जनवरी माह में ही देना सुनिश्चित करने सभी हाई-स्कूलों और हायर-सेकेंडरी स्कूलों में विशेष टीकाकरण सत्र आयोजित किए जाएंगे। स्वास्थ्य विभाग ने इसके लिए सभी स्कूलों और अभिभावकों से चर्चा कर 5 जनवरी तक टीकाकरण के लिए माह भर का विस्तृत कैलेंडर तैयार करने के निर्देश दिए हैं। स्वास्थ्य एवं स्कूल शिक्षा विभाग के प्रमुख सचिव डॉ. आलोक शुक्ला ने सभी जिलों के मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी तथा जिला शिक्षा अधिकारी को परिपत्र जारी कर इसके लिए आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए हैं।

स्वास्थ्य विभाग द्वारा जारी परिपत्र में कहा गया है कि भारत सकार ने 3 जनवरी से 15 से 18 वर्ष के सभी बच्चों का “कोवैक्सीन” से कोविड टीकाकरण करने की अनुमति प्रदान की है। इस कार्य को समय-सीमा में पूर्ण करने सभी जिलों के टीकाकरण अधिकारी और जिला शिक्षा अधिकारी तत्काल बैठक कर इसका संपूर्ण कार्यक्रम तैयार करें। प्रत्येक निजी और शासकीय हाई-स्कूल एवं हायर-सेकेंडरी स्कूल में कोविड टीकाकरण का विशेष सत्र आयोजित करने के लिए तत्काल तिथि व समय निश्चित कर कैलेंडर तैयार करें। इसकी कार्ययोजना इस तरह से तैयार की जाए कि सभी हाई-स्कूलों और हायर-सेकेंडरी स्कूलों में प्रथम डोज का टीकाकरण इसी महीने पूरा हो जाए। विभाग ने जिला टीकाकरण अधिकारियों को पर्याप्त संख्या में टीकाकरण टीम बनाने कहा है। सभी जिलों को अपने-अपने जिले में टीकाकरण का कैलेंडर आयुक्त, लोक शिक्षण तथा मिशन संचालक, राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन को 5 जनवरी तक भेजने कहा गया है।

स्वास्थ्य विभाग के प्रमुख सचिव ने निजी और शासकीय दोनों स्कूलों में कोविड टीकाकरण के विशेष सत्र के संबंध में पालकों के साथ विशेष बैठक आयोजित कर उन्हें टीकाकरण की जानकारी देने कहा है। उन्होंने बच्चों के टीकाकरण के समय पालकों से उपस्थित रहने का आग्रह करने के लिए भी निर्देशित किया है। पालकों के साथ बैठक का कार्यवाही विवरण स्कूल में सुरक्षित रखने कहा गया है। टीकाकरण सत्र के दिन टीकाकरण टीम द्वारा कोविन पोर्टल पर उस स्कूल के लिए एक विशेष सत्र का निर्माण किया जाएगा और स्कूल के शिक्षक टीकाकरण टीम से साथ मिलकर 15 से 18 वर्ष के सभी बच्चों का कोविन पोर्टल पर ऑन-साइट पंजीकरण करेंगे। पंजीकरण के बाद टीकाकरण टीम द्वारा बच्चों को “कोवैक्सीन” का टीका लगाया जायेगा।

स्वास्थ्य विभाग ने टीकाकरण के बाद बच्चों की निगरानी के भी निर्देश दिए हैं। टीका लगाने के बाद बच्चों को कम से कम 30 मिनट तक स्कूल में ही बिठाकर रखा जाएगा जिससे कि उनमें टीके के किसी भी प्रकार के विपरीत प्रभाव (AEFI – Adverse Effects Following Immunization) पर नजर रखी जा सके। एईएफआई (AEFI) होने पर बच्चे को तत्काल नजदीक के अस्पताल में ले जाने की व्यवस्था पहले से रखी जाएगी। यदि किसी बच्चे को कोई एईएफआई होता है तो उसे तत्काल अस्पताल ले जाकर इलाज कराया जाएगा। आयुक्त, लोक शिक्षण और मिशन संचालक, राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन द्वारा संयुक्त रूप से इस पूरे अभियान की मॉनिटरिंग की जाएगी। स्वास्थ्य विभाग ने परिपत्र के निर्देशानुसार तत्काल कार्यवाही सुनिश्चित करने और की गई कार्यवाही से विभाग को अवगत कराने कहा है।

Leave a Reply

Your email address will not be published.