कई राज्यों में बारिश की संभावना, पहाडों पर बर्फबारी बढ़ाएगी गलन और ठिठुरन

राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली समेत कई राज्यों में हुई बारिश के बाद तापमान में गिरावत दर्ज की गई है. तापमान गिरने से गलन और ठिठुरन बढ़ गई है. उत्तर पश्चिम और मध्य भारत में 3 से 4 डिग्री न्यूनतम तापमान में गिरावट दर्ज की जा सकती है. वहीं आशंका जताई जा रही है कि अगले 24 घंटों में पश्चिमी हिमालय पर हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है. साथ ही साथ अलग-अलग स्थानों पर बर्फबारी की भी संभावना जताई जा रही है. मौसम में अचानक आए बदलाव के पीछे पश्चिमी विक्षोभ बताया जा रहा है.

स्काईमेट वेदर की रिपोर्ट के अनुसार, पिछले 24 घंटों के दौरान, पंजाब, हरियाणा, दिल्ली, पूर्वोत्तर राजस्थान, पूर्वी मध्य प्रदेश, उत्तर प्रदेश, बिहार झारखंड, कोंकण और गोवा, मध्य महाराष्ट्र, पश्चिम बंगाल, छत्तीसगढ़, असम, मेघालय, अरुणाचल प्रदेश,ओडिशा, पूर्वी गुजरात और अंडमान और निकोबार द्वीप समूह के अलग-अलग हिस्सों में हल्की से मध्यम बारिश हुई है. इसके अलावा गिलगित-बाल्टिस्तान, मुजफ्फराबाद, लद्दाख, हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड में कुछ हिस्सों में बर्फबारी हुई है, जिसके बाद ठंड और बढ़ गई है.

रिपोर्ट में कहा गया है कि अगले 24 घंटों के दौरान, उत्तर प्रदेश, बिहार, झारखंड, पश्चिम बंगाल, हरियाणा, पंजाब, असम, अरुणाचल प्रदेश, दिल्ली, छत्तीसगढ़, ओडिशा, आंध्र प्रदेश, तमिलनाडु, दक्षिण कोंकण, गोवा और अंडमान व निकोबार द्वीप समूह के अलग-अलग हिस्सों में हल्की से मध्यम बारिश होने की संभावना जताई जा रही है. साथ ही साथ पश्चिमी हिमालय के अलग-अलग हिस्सों पर बर्फबारी हो सकती है, जिसके चलते उत्तर पश्चिम और मध्य भारत में न्यूनतम तापमान 3 से 4 डिग्री लुढ़क सकता है.

दिल्ली में टूटा बारिश का रिकॉर्ड

भारत मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) के अनुसार, शनिवार देर रात हुई बारिश के बाद इस साल जनवरी में दिल्ली में कुल 88.2 मिलीमीटर वर्षा दर्ज की गई, जो 1901 के बाद से इस महीने में हुई सबसे अधिक बारिश है. इससे पहले राजधानी में 1989 में 79.7 मिलीमीटर और 1953 में 73.7 मिलीमीटर बारिश हुई थी. सफदरजंग वेधशाला में छह दिन बारिश दर्ज की गई और इस महीने अब तक 88.2 मिलीमीटर बारिश दर्ज की. रविवार को रात साढ़े आठ बजे तक पिछले 24 घंटे में 19.7 मिलीमीटर वर्षा हुई. इस महीने पालम वेधशाला में 110 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई.

उत्तराखंड में जमकर हो रहा है हिमपात

उत्तराखंड में लगातार जारी बारिश से ऊंचाई वाले स्थानों पर जमकर हिमपात हो रहा है जिसने कई वर्षों के रिकॉर्ड तोड़ दिए हैं. भारी बर्फवारी के चलते समूचे प्रदेश में कड़ाके की ठंड पड़ रही है और ज्यादातर लोग घरों में दुबकने को मजबूर हो गए जिससे सामान्य जनजीवन ठहर सा गया है. सोमवार को भी प्रदेश में बारिश और 3000 मीटर से अधिक ऊंचे स्थानों पर हिमपात जारी रहने का अनुमान है. बदरीनाथ, केदारनाथ, गंगोत्री, यमुनोत्री, औली, मुनस्यारी जैसे ऊंचाई वाले स्थानों पर इस सीजन का सबसे भारी हिमपात हुआ. मसूरी के लाल टिब्बा और धनोल्टी में बर्फवारी हुई. नैनीताल के ऊंचाई वाले स्थानों में भी बर्फ पड़ रही है. बर्फबारी के कारण गंगोत्री-यमुनोत्री राजमार्ग सहित चार संपर्क मार्ग भी बंद पड़े हैं. केदारनाथ, घनसाली और लंबगांव मोटरमार्ग भी बर्फबारी के कारण ठप है.

कश्मीर में बर्फबारी से जम्मू-श्रीनगर हाईवे हुआ बंद

कश्मीर घाटी के कई इलाकों में ताजा बर्फबारी हुई, जबकि अन्य इलाकों में बारिश दर्ज की गई. इसकी वजह घाटी के कई इलाकों के न्यूनतम तापमान में गिरावट आई है. वहीं ताजा हिमपात-बारिश की वजह से श्रीनगर-जम्मू राजमार्ग बंद हो गया है और खराब मौसम की वजह से वैष्णो देवी धाम के लिए परिचालित हेलीकॉप्टर सेवा स्थगित कर दी गई है. घाटी के कई इलाकों में खासतौर पर दक्षिण इलाके में रात के दौरान फिर हिमपात हुआ. घाटी के प्रवेश द्वारा माने जाने वाले दक्षिण कश्मीर के काजीगुंड और नजदीकी कोकरनाग में करीब छह इंच बर्फबारी दर्ज की गई है. अनंतनाग में भी तीन इंच बर्फ गिरी है.

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *