बड़ी खबर-सरकारी कर्मचारी/ अधिकारी 22 अगस्त से जाएंगे बेमुद्दत हड़ताल पर..वेतन काटने के आदेश से बढ़ी नाराजगी

रायपुर । छत्तीसगढ़ कर्मचारी/अधिकारी फ़ेडरेशन ने डीए और गृहभाड़ा भत्ता की दो सूत्रीय मांगों को लेकर 22 अगस्त से पूरे प्रदेश में अनिश्चितकालीन हड़ताल पर जाने का एलान किया है। रविवार को फेडरेशन से ज़ुड़े 80 से अधिक संगठनों की बैठक राजधानी में हुई । जिसमें शासन की ओर से की जा रही दमनात्मक कार्रवाई पर रोष ज़ाहिर करते हुए इस संबंध में वेतन कटौती के लिए ज़ारी आदेश की प्रतियां प्रतिकात्मक रूप से जलाईं गईं।

इस संबंध में वरिष्ठ कर्मचारी नेता और छत्तीसगढ़ तृतीय वर्ग कर्मचारी संघ के संरक्षक पी.आर.यादव ने बताया कि छत्तीसगढ़ कर्मचारी -अधिकारी फेडरेशन द्वारा पांच दिवसीय आंदोलन के बाद भी छत्तीसगढ़ सरकार के द्वारा केंद्र के समान देय तिथि से 34% महंगाई भत्ता तथा सातवें वेतनमान पर गृह भाड़ा भत्ता की 2 सूत्री मांगों पर फेडरेशन के साथ कोई वार्ता न करते हुए उल्टे हड़ताली कर्मचारियों, अधिकारियों पर दमनात्मक कार्यवाही किए जाने के आदेश से आक्रोशित फेडरेशन द्वारा 31 जुलाई रविवार को प्रातः 11 बजे ,रायपुर में बैठक आयोजित की गई । जिसमें फेडरेशन से जुड़े 80 से अधिक संगठनों के प्रांत अध्यक्ष, समस्त पांच संभागीय संयोजक ,संभाग प्रभारी तथा 31 जिला के जिला संयोजको की बैठक रखी गई थी ।जिसमें आगे चौथे चरण के आंदोलन को आक्रामक करते हुए रणनीति बनाई गई ! पूर्व में शासन को 30 मई 2022 को मुख्य सचिव छत्तीसगढ़ शासन को दिए गए नोटिस अनुसार पांच दिवसीय हड़ताल के पश्चात चौथा चरण अनिश्चितकालीन हड़ताल की घोषणा होगी ।
बैठक में सर्वसम्मति से निर्णय लिया गया कि छत्तीसगढ़ सरकार को फेडरेशन से वार्ता करने का समय देते हुए आगामी 22 अगस्त से पूरे प्रदेश के 4.50 लाख कर्मचारी अधिकारी अनिश्चितकालीन हड़ताल पर चले जाएंगे ।
फेडरेशन की बैठक में शासन के दमनात्मक कार्यवाही का तीखे शब्दों में प्रतिकार करते हुए वेतन काटने एवं अनुशासनात्मक कार्यवाही के आदेश की प्रतियां जलाकर विरोध दर्ज किया गय

रायपुर छत्तीसगढ़ कर्मचारी अधिकारी फेडरेशन के आवाहन पर 25 जुलाई से 29 जुलाई तक सशक्त सफल आंदोलन एवं कर्मचारियों की चट्टानी एकता के बाद भी किसी जिम्मेदार अधिकारी ने आंदोलन के दौरान चर्चा नहीं किया, उल्टे 5 दिन का वेतन काटने का तानाशाही आदेश पूर्ववर्ती सरकार के आदेश की कॉपी कर प्रसारित कर दिया गया। इससे प्रदेश के कर्मचारियों में व्यापक असंतोष और आक्रोश व्याप्त है। पांच दिवसीय आंदोलन की समीक्षा करने छत्तीसगढ़ कर्मचारी अधिकारी फेडरेशन की प्रांतीय बैठक पंडरी स्थित फॉरेस्ट रेस्ट हाउस में संपन्न हुई। जिसमें 22 अगस्त से अनिश्चितकालीन आंदोलन करने का निर्णय सभी संगठनों के प्रतिनिधियों के सुझाव पर लिया गया है।

छत्तीसगढ़ प्रदेश तृतीय वर्ग कर्मचारी संघ के प्रांतीय अध्यक्ष अजय तिवारी, संरक्षक विजय कुमार झा, महामंत्री उमेश मुदलियार, जिला शाखा अध्यक्ष रामचंद्र ताण्डी, संभागीय अध्यक्ष संजय शर्मा ने प्रेस विज्ञप्ति में बताया है, कि इस अफसरशाही आदेश की प्रतियां रायपुर राजधानी में बैठक के दौरान जलाई गई। प्रदेश तृतीय वर्ग कर्मचारी संघ के सभी जिला तहसील विकासखंडो के अध्यक्ष एवं उनकी कार्यकारिणी सभी त्योहारों को एक तरफ रखते हुए 22 अगस्त के आंदोलन को सफल बनाने हेतु आज से ही कृत संकल्पित होकर प्रचार-प्रसार गेट मीटिंग करेंगे।

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