सोशल मीडिया में VC गुप्ता के खिलाफ ट्रैंड..# कुलपति हटाओ..विश्वविद्यालय बचाओ.. बरबाद हो जाएगा संस्थान

बिलासपुर— गुरू घासीदास केन्द्रीय विश्वविद्यालय छात्रों के बीच इस समय कुलपति हटाओ विश्वविद्यालय बचाओ जमकर ट्रैंड कर रहा है। छात्रों में विश्वविद्यालय कुलपति के खिलाफ जमकर आक्रोश है। कुलपति को हटाने की मांग ने तेजी से छात्रों में ट्रैंड कर रहा है। छात्रो का मानना है कि यदि प्रोफेसर अंजिला गुप्ता दुबारा वाइस चांसलर बनती है तो विश्वविद्यालय का अस्तित्व खतरे में पड़ जाएगा। जानकारी देते चलें कि अंजिला गुप्ता के खिलाफ छात्रों ने विशेष अभियान #कुलपति हटाओ विश्वविद्यालय बचाओ चल रहा है।
 
                                 गुरु घासीदास केंद्रीय विश्वविद्यालय के छात्र छात्राओं ने छात्र परिषद के नेतृत्व में सोशल मीडिया पर विश्वविद्यालय की वर्तमान वाइस चांसलर को हटाने का जबरदस्त अभियान छेड़ रखा है। छात्र-छात्राएं विश्वविद्यालय की तंग बदहाली, अराजकता और पिछले 5 सालों से छात्र विरोधी नीतियों को लाने का जिम्मेदार विश्वविद्यालय की कुलपति अंजिला गुप्ता पर लगाया है। मांग ने तेजी पकड़ लिया है। छात्रों में यह नाराजगी तब आयी जब विश्वविद्यालय कुलपति से मिलने गए। लेकिन अधिकारियों ने  छात्र परिषद के प्रतिनिधियों को कुलपति से मिलने नहीं दिया। इतना ही नहीं बल्कि अधिकारियों ने एक प्रतिनिधि का कॉलर पकड़ लिया।
 
छात्र नेताओं को धक्का
 
                छात्र पदाधिकारियों ने बताया कि कुलपति के निजी सचिव ने धक्का देते हुए कहा छात्र हित के फालतू मुद्दों को लेकर कुलपति के पास फालतू टाइम नहीं है। इसके चलते छात्रों में जबरदस्त आक्रोश है। और यह आक्रोश अब सोशल मीडिया में #कुलपति हटाओ विश्वविद्यालय बचाओ  के साथ सामने आ रहा है। 
 
जमकर हो रहा मीम
                            विश्वविद्यालय के छात्र सोशल मीडिया में मीम शेयर कर विश्वविद्यालय कुलपति को हटाने की मांग को लेकर समर्थन जुटा रहे हैं। छात्र परिषद अध्यक्ष सचिन गुप्ता का कहना है कि यह मांग तब तक जारी रहेगी जब तक अंजिला गुप्ता को कुलपति के पद से हटा नहीं दिया जाता है। 
 
बरबाद हो जाएगा विश्वविद्यालय
 
                  छात्रों ने बताया है कि विश्वविद्यालय में कुलपति के 5 साल हो चुके हैं । कुलपति के पद पर अब दूसरे चेहरे की जरूरत है। अँजिला गुप्ता विश्वविद्यालय में दुबारा कुलपति बनने का प्रयास कर रही है। लेकिन विश्वविद्यालय के छात्र अंजिला गुप्ता को दुबारा कुलपति नही देखना चाहते हैं।
 
            यदि अंजिला गुप्ता दुबारा कुलपति बनती है तो विश्वविद्यालय गर्त में चला जाएगा। विश्वविद्यालय के अस्तित्व के खातिर प्रोफेसर  गुप्ता का यहां से जाना ही होगा। छात्र परिषद अध्यक्ष सचिन गुप्ता ने बताया कि छत्तीसगढ़ को चारागाह समझने वाली मानसिकता के लोगों को यहां के महत्वपूर्ण पदों पर बैठने की कोई जरूरत नहीं है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *