ड्रायवर हत्याकाण्डः सिविल लाइन पुलिस की भूमिका संदिग्ध…पीएम रिपोर्ट से खुलासा…मारपीट से हुई केजऊ की मौत

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बिलासपुर—पांच फरवरी की रात्रि करीब दस बजे के आसपास अमेरी चौक में बरसैया ट्रेडर्स के ड्रायवर केजऊ ऊर्फ गोवर्धन यादव की मौत मारपीट से हुई है। यद्यपि मौत के कारण को लेकर पुलिस चुप है। लेकिन पीएम रिपोर्ट ने मौत की वजह मृतक के साथ मारपीट होना बताया है। जानकारी मिल रही है कि सिविल लाइन थाना से एक तरफा पीएम रिपोर्ट के लिए दबाव बनाया गया था। अलग से जब्ती के लिए पैन्ट और शर्ट भेजा गया था। जबकि पीएम के समय केजऊ के शरीर पर फटी बनियान और कच्छा के अलावा कुछ भी नहीं था। …इधर सिविल लाइन पुलिस का कहना है कि अभी तक पीएम रिपोर्ट नहीं मिला  है। जो बहुत बड़ी साजिश की तरफ इशारा करता है। बहरहाल पुलिस ने अभी तक बरसैया परिवार के चार अहम सदस्यों के अलावा घटना के समय हैक्टर कार में सवार सुयश, सौरभ गुप्ता, एक लड़की समेत कुल 14 लोगों का बयान दर्ज कर लिया है।

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धीरे धीरे खुलने लगी हत्या की गुत्थी

 

अमेरी चौक स्थित पांच फरवरी को बरसैया ट्रेडर्स मालिक के ड्रायवर की मौत अब धीरे धीरे रंग पकड़ता जा रहा है। पीएम रिपोर्ट से खुलासा हुआ है कि ड्रायवर केजऊ ऊर्फ गोवर्धन की मौत की वजह स्ट्रांग शारीरिक चोट और हेड इन्जुरी है।  पीएम रिपोर्ट के अनुसार  केजऊ यादव को मृत्यु से पहले मारा पीटा गया है। यद्पि पुलिस पीएम रिपोर्ट मिलने से इंकार कर रही है।  सूत्रों की माने तो…सिविल लाइन पुलिस को दो दिन पहले ही पोस्टमार्टम रिपोर्ट मिल चुकी है। जानकारी यह भी मिल रही है कि चूंकि केजऊ  रसूखदार पार्टी का ड्रायवर था। घटना के समय कार हैक्टर में परिवार के दो होनहार और एक लड़की बैठी थी। इसलिए नाक बचाने  के लिए मामले को दबाने का पुरजोर प्रयास किया जा रहा है। सूत्रों की माने तो मामले को दबाने के लिए जमकर नेतागिरी भी शुरू हो चुकी है। 

 

कार से घसीटकर केजऊ को उतारा गया

 

सीजी वाल को हासिल सीसीटीवी फुटेज, पीएम  रिपोर्ट और वीडियो के अनुसार केजऊ की मौत करीब साढ़े 9 बजे के आसपास अमेरी चौक में हुई।  सीसीटीवी फुटेज में पाया गया कि हेक्टर कार से एक सफेद कोट पहने युवक पीछे की सीट से  बाहर आता है। कार के दूसरे डोर से पीछे होकर काले रंग का कपड़ा पहने दूसरा  व्यक्ति भी ड्रायवर गेट की तरफ बढता है। दोनो व्यक्ति ड्रायवर को घसीटकर बाहर निकालते हैं। ड्रायवर केजऊ  किसी तरह दोनो से जान छुड़ाकर भागता है। और सीधे नाली में गिर जाता है। इसके कुछ देर बाद दोनो युवक केजऊ की मदद करने की  वजाय कार लेकर चले जाते हैं।

 

परिवार तक कैसे पहुंची जानकारी

 

बरसैया ट्रेडर्स का ड्रायवर जय देवांगन ऊर्फ गोलू नेे बताया कि घटना की जानकारी उन्हें हेक्टर में बैठे युवक से मिली। फोन करने वाला मालिक के परिवार का सदस्य है। उसने बताया कि केजऊ शराब पीकर नाली में गिर गया है। मामले की जानकारी फोन पर केजऊ के साले विकास यादव को दिया।  विकास भी उस दिन बरसैया परिवार के घर आयोजित  कार्यक्रम के दौरान गाड़ी चलाने आया था। दोनो स्कार्पियों से मौके पर पहुंचे। कुछ देर बाद हेक्टर कार से  बरसैया ट्रैडर्स के घर के दोनों सदस्य भी पहुंच गए। इसके बाद केजऊ को उठाकर नारायणी और फिर श्रीराम मेडिकल लेकर गए। दोनो जगह इलाज करने से इंकार किया गया।  अन्त में केजऊ को सिम्स लाया गया। डाक्टर ने जांच पड़ताल के बाद मृत घोषित कर दिया।

 

पीएम रिपोर्ट तैयार करते समय बनाया गया दवाब

 

सूत्रों की माने तो पीएम रिपोर्ट तैयार करते समय बरसैया परिवार और पुलिस की तरफ से दबाव बनाया गया है। पुलिस ने पीएम रिपोर्ट में जब्ती दर्ज कराना केजऊ का कपड़ा अलग से भेजा। बावजूद इसके पीएम रिपोर्ट में बताया गया कि मौत के पहले मृतक के साथ गंभीर मारपीट हुई है। बनियान बुरी तरह से फटा  है। लाश के साथ कच्छा है। यद्यपि सिम्स ने पुलिस की मांग पर पोस्टमार्टम के बाद फटी बनियान और अन्डर गारमेन्टस को दुरूस्त कर भेजे गए पैन्ट शर्ट केजऊ को पहना दिया।  सूत्र ने बताया कि चूंकि केजऊ नाली में गिरा था। पैन्ट शर्ट में खून का एक भी धब्बा नहीं पाया जाना संदेह को पैदा करता है। जबकि पीएम के दौरान केजऊ के सिर पीठ और छाती पर गंभीर चोट के निशान मिले हैं।

 पुलिस की भूमिका संदिग्ध

   ताज्जुब की बात है कि इतना सब कुछ होने के बाद..पैन्ट शर्ट पर एक भी मारपीट का निशान नहीं होना और शर्ट पूरी तरह से सुरक्षित होने के साथ  ही बनियान का बुरी तरह फटना….पुलिस की मिलीभगत की तरफ इशारा करता है। पीएम रिपोर्ट में यह भी बताया गया है कि केजऊ के शरीर में एक भी प्रतिशत शराब का प्रमाण नहीं मिला है। ना ही शर्ट  का बटन टूटा है। इसका मतलब है कि केजऊ की मौत मारपीट के कारण हुई है।

 

पीएम रिपोर्ट से इंकार..14 लोगों का दर्ज हुआ बयान

 

मामले मे विवेचक सीपी दुबे ने बताया कि हमें अभी तक पीएम रिपोर्ट नहीं मिली है। घटना से जुड़ें कुल 14 लोगों का अब तक बयान हो चुका है। इसमें बरसैया ट्रैडर्स के मालिक राजकुमार गुप्ता, प्रदीप कुमार गुप्ता समेत उनके दोनो बेटे सुयश और सौरभ का बयान दर्ज किया गया है। इसके अलावा बरसैया ट्रेडर्स के नौकर दिनेश देवांगन, अवकाश ढीमर, नीरज ठाकुर, जय देवांगन, स्वप्निल  और ड्रायवर मनमोहन देवांगन का भी बयान दर्ज हुआ है। विवेचक ने बताया कि मृतक के पिता रामलोचन यादव, पत्नी मीनाक्षी यादव और मृतक का साला विकास यादव का भी बयान लाया गया है।

हैक्टर में बैठे थे दो लड़के और एक लड़की

पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार बयान के दौरान पाया गया कि जिस हैक्टर को केजऊ चला रहा था। उसमें एक लड़की शोभा मधुकर और बरसैया परिवार के दो सदस्य सुयश और सौरभ बैठे थे। पीछे की सीट से बाहर निकल कर ड्रायवर को जबरदस्ती बाहर खीचने वाले और कोई नहीं सुयश और सौरभ  थे। केजऊ जब भागने के प्रयास में नाली में गिरा ..तो दोनो कार लेकर मौके से फरार हो गए। फिर गोलू और विकास के आने पर दोनो कार लेकर दुबारा पहुंचे। नाली से निकालने के बाद केजऊ के साथ अस्पताल-अस्पताल का खेल खेल गया। 

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