मेरा बिलासपुर

जब बच्चों की मनमोहक उड़ान ने जीता दिल…प्रतिभा देखकर अतिथियों ने दिल खोलकर.. कहा..सुरक्षित हाथों में भारत की तकदीर

बिलासपुर—इन दिनों शहर में जिला स्तरीय स्कूली बच्चों के कैंप पंख की जमकर चर्चा है। बच्चों की प्रतिभा से रूबरू होकर माता पिता ही नहीं जिले का एक एक नागरिक अभिभूत है। इसी क्रम में बच्चों के समर कैम्प में बतौर मुख्य अतिथि पंडित सुन्दरलाल शर्मा विश्वविद्यालय के कुलपति डॉ.वंशगोपाल ने शिरकत किया। कैंप में शामिल बच्चों की गतिविधियों को ताली बजाकर अपनी खुशियों को जाहिर किया। उन्होने बच्चो के कार्यक्रम को देखने के बाद बताया कि दावे के साथ कह सकता हूं कि देश का भविष्य निश्चित रूप से सुनहरे हाथों में है।

Join Our WhatsApp Group Join Now

जिला प्रशासन के प्रयास से शुरू बच्चों के समर कैंप में बतौर मुख्य अतिथि पंडित सुंदरलाल शर्मा ओपन यूनिवर्सिटी के कुलपति डॉ. वंश गोपाल सिंह ने शिरकत किया। इस दौरान छात्रों की एक प्रस्तुति को जी भर कर निहारा। कुलपति ने छात्रों से संवाद भी किया। जिला स्तरीय समर कैंप ‘ पंख ‘ में  कुलपति ने कहा कि बच्चों के बीच आकर एक बार फिर बच्चा बनने की लालसा जाग गयी है।

वंश गोपाल ने बताया कि संघर्ष से आपके व्यक्तित्व को चमकर मिलती है। बच्चे अपने माता पिता और गुरुओं का सम्मान करें। क्योंकि दूसरों को सम्मान देकर ही सम्मान हासिल होता है। कुलपति ने दुहराया कि उम्मीद ही नही बल्कि दावा करता हूं कि हमारे देश का भविष्य हमारे बच्चों के हाथों में पूरी तरह से सुरक्षित है।

समर कैंप में बच्चों को इंग्लिश स्पीकिंग कोर्स का प्रशिक्षण मनोज सनाड्य,कबाड़ से  जुगाड़ मनोज वैद्य, ओरेगामी का प्रशिक्षण उषा चंद्रा,श्वेता तिवारी ,निशा अवस्थी मिड ब्रेन एक्टिविटी विधि तिवारी हिंदी लेखन डॉ.रश्मि द्विवेदी ने दिया। सायंकालीन सत्र में डॉ. रश्मि द्विवेदी काउंसर ने बच्चों को हिन्दी लेखन की जानकारी को विस्तार से साझा किया।

रंगोली, पेंटिंग, स्केचिंग का प्रशिक्षण दिव्या कश्यप ने दिया। अंशुमान ने बच्चो को बॉलीवुड डांस पर जमकर मेहनत कराया। कत्थक नृत्य प्रशिक्षण  जया हरगांवकर ने दिाय। बच्चों ने सांस्कृतिक संध्या कार्यक्र में नृत्य, संगीत से अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया। कैंप में शिक्षा विभाग के संयुक्त संचालक  आर पी आदित्य ,जिला शिक्षा अधिकारी टीआर साहू, सहायक संचालक पी दासरथी, अनिल तिवारी, रामेश्वर जायसवाल, DMC  अनुपमा राजवाड़े समेत  विभिन्न स्कूलों के प्राचार्य और शिक्षक-शिक्षकाएं मौजूद रहे।

                   

Back to top button
close