प्रश्नपत्र ऐप में आ रही तकनीकी दिक्कतें, पुराने शिक्षक नहीं समझ पा रहे नई व्यवस्था

राज्य स्तरीय आकलन,chhattisgarh,school,बेहतर टीचिंग डिजाइन ,पढ़ाई ,शिक्षा विभाग,बोर्ड परीक्षा,कक्षा पहली से आठवीं,,छत्तीसगढ़ मदरसा बोडर्, रायपुर,परीक्षा ,आवेदन फॉर्म,ग्रीष्मकालीन अवकाश,परीक्षा फॉर्म वितरण,मिर्जा एजाज बेगजगदलपुर।राज्य स्तरीय आकलन के तहत सोमवार को बच्चों ने ऐप के माध्यम से मिले प्रश्नों को हल किया।पूरे प्रदेश में पहली बार चलाए गए इस नई व्यवस्था से शुरू में कई दिक्कतें आ रही है। सोमवार से कक्षा छठवीं से लेकर आठवीं तक की परीक्षाएं शुरू हुई। पहला पर्चा बच्चों ने कक्षा गणित विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी तथा सामाजिक विज्ञान विषय का हल किया।एकल शिक्षक की स्कूलों में शिक्षकों की कमी के चलते एक ही समय में तीन कक्षाओं के प्रश्नों को ब्लैक बोर्ड में उतारना पड़ रहा हहै। जिसके कारण शिक्षकों को दिक्कतें आ रही हैं ।सीजीवालडॉटकॉम के व्हाट्सएप ग्रुप से जुड़ने के लिए यहाँ क्लिक करे

पहले दिन तकनीकी दिक्कतों के कारण परीक्षा विलंब से शुरू हुई।गौरतलब है कि यह नई व्यवस्था दशहरे के अवकाश के दौरान शिक्षकों के पास पहुंची। इस व्यवस्था को कुछ पुराने शिक्षक समझ नहीं पा रहे है। जो मोबाइल नहीं रखते।उन पुराने शिक्षकों को इसे समझने में दिक्कत हो रही है।

शिक्षा विभाग की नई व्यवस्था सोमवार से स्कूलों में परीक्षा के दौरान शुरू हो गई इस व्यवस्था के तहत राज्य स्तरीय आकलन के प्रश्न पत्र ऐप पर शिक्षकों ने डाउनलोड किया।पासवर्ड परीक्षा के दिन ही दिए गए। शिक्षकों के मोबाइल पर प्रश्न पत्र आए और शिक्षकों ने उसे ब्लैक बोर्ड पर उतारकर बच्चों को हल करने दिया।

इस साल के सत्र के शुरू से ही कई तरह की दिक्कतें से परेशान हुए बच्चो को अब नई व्यवस्था के तहत परीक्षा देनी पड़ रही है।14 अक्टूबर से शुरू मिडिल कक्षाओं की परीक्षा का सोमवार को पहला दिन रहा।

15 अक्टूबर को कक्षा छठवीं के बच्चे विज्ञान व प्रौद्योगिकी,सातवीं कक्षा के सामाजिक विज्ञान और आठवीं कक्षा के बच्चे हिंदी विषय का पर्चा हल करेंगे।सरकारी स्कूलों में प्राइमरी व मिडिल कक्षाओं में पढ़ने वाले बच्चों के लिए 14 से 22 अक्टूबर तक समय सारणी निर्धारित की गई है।

एनसीईआरटी जारी निर्देश में स्पष्ट कहा है कि टीम्स टी एप व एससीईआरटी की वेबसाइट में सारी जानकारियां उपलब्ध करा दी गई हैं समय सारणी के अनुसार ही परीक्षाएं होंगी।

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  1. By हेमन्त कुमार मेश्राम

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